Border Security: Amit Shah की बड़ी चेतावनी
सीमा जिलों में demographic changes को बताया गंभीर चुनौती, अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश
Border Security को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah ने बड़ा बयान दिया है। Border Security की समीक्षा बैठक में उन्होंने सीमा जिलों में हो रहे जनसंख्या बदलाव को देश के लिए गंभीर चुनौती बताया और अधिकारियों को सख्त निगरानी के निर्देश दिए।
गुजरात के कच्छ जिले के भुज में भारत-पाकिस्तान सीमा से जुड़े क्षेत्रों की security review meeting की अध्यक्षता करते हुए अमित शाह ने कहा कि सीमा क्षेत्रों की सुरक्षा केवल घुसपैठ रोकने तक सीमित नहीं है, बल्कि वहां हो रहे सामाजिक और जनसंख्या संबंधी बदलावों पर भी ध्यान देना जरूरी है।
Border Security को लेकर Amit Shah का बड़ा बयान
बैठक के दौरान गृह मंत्री ने कहा कि सीमा जिलों में हो रहे demographic changes सबसे गंभीर चुनौती बनकर उभर रहे हैं। उन्होंने जिला प्रशासन को निर्देश दिए कि ऐसे मामलों की लगातार निगरानी की जाए और समय-समय पर रिपोर्ट तैयार की जाए।
अमित शाह ने यह भी कहा कि सीमा क्षेत्रों में पहले से मौजूद illegal infiltrators की पहचान करने और ड्रोन तथा narcotics से जुड़े खतरों पर नजर रखने के लिए स्पष्ट SOPs तैयार किए जाने चाहिए।
Border Security और Illegal Immigration पर फोकस
गृह मंत्री ने हाल ही में पूरे देश में illegal immigration और अन्य असामान्य कारणों से हो रहे जनसंख्या बदलावों का अध्ययन करने के लिए एक उच्च स्तरीय समिति के गठन की घोषणा भी की है।
उन्होंने सीमा से 0 से 15 किलोमीटर के दायरे में होने वाले अवैध कब्जों के खिलाफ zero tolerance policy अपनाने पर जोर दिया। साथ ही सीमा क्षेत्रों में कट्टरपंथ फैलाने वाले केंद्रों पर भी नजर रखने के निर्देश दिए।
ड्रोन, Hawala और Narcotics पर विशेष निगरानी
अमित शाह ने कहा कि सीमा जिलों में hawala transactions, संदिग्ध वित्तीय लेन-देन, mule accounts, shell companies, संदिग्ध वाहनों और GST संग्रह पर कड़ी निगरानी रखी जानी चाहिए।
उन्होंने कहा कि Income Tax Department, RBI, ED, BSF और अन्य एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय जरूरी है ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि को समय रहते रोका जा सके।
हर सीमा जिले में बनेगा Security Coordination Group
गृह मंत्री ने हर सीमा जिले में Security Coordination Group बनाने की जरूरत पर भी जोर दिया। इसमें BSF, Coast Guard, Income Tax Department, Enforcement Directorate (ED) और प्रमुख बैंकों के प्रतिनिधियों को शामिल करने का सुझाव दिया गया है।
उन्होंने कहा कि वित्तीय अपराधों से जुड़ी एजेंसियों को सीमा क्षेत्रों की गतिविधियों की पूरी जानकारी मिलनी चाहिए ताकि अवैध पैसों के नेटवर्क पर समय रहते कार्रवाई की जा सके।
Border Security के साथ Border Villages के विकास पर भी जोर
अमित शाह ने कहा कि Vibrant Villages Programme के साथ-साथ केंद्र और राज्य सरकार की सभी योजनाओं का लाभ सीमा गांवों तक 100 प्रतिशत पहुंचना चाहिए।
उन्होंने कहा कि मजबूत border fencing, समुद्री सुरक्षा और राज्य सरकार की राजनीतिक इच्छाशक्ति के कारण गुजरात में घुसपैठ और तस्करी की घटनाओं में बड़ी कमी आई है। यह बदलाव देश के अन्य सीमा क्षेत्रों के लिए भी एक उदाहरण बन सकता है।





