Uri LoC Detention: PoJK निवासी और महिला हिरासत में
Baramulla के Uri सेक्टर में LoC के पास PoJK निवासी और स्थानीय महिला को हिरासत में लिया गया, सुरक्षा पहलुओं की गहन जांच जारी
Uri LoC Detention मामले ने उत्तर कश्मीर के Baramulla जिले में सुरक्षा एजेंसियों की सतर्कता बढ़ा दी है। Uri LoC Detention के तहत LoC के पास एक PoJK निवासी और स्थानीय महिला को हिरासत में लिया गया है, जबकि इसी क्षेत्र में Exfiltration की एक कथित कोशिश भी नाकाम बनाई गई।
अधिकारियों के अनुसार, हिरासत में लिए गए व्यक्ति की पहचान जीशान अहमद मीर के रूप में हुई है, जो Muzaffarabad (PoJK) का निवासी बताया जा रहा है। उसके साथ Uri के Tilawari गांव की रहने वाली एक महिला को भी हिरासत में लिया गया।
प्रारंभिक जांच में सामने आई रिश्ते की बात
सुरक्षा अधिकारियों के मुताबिक शुरुआती जांच में पता चला है कि दोनों के बीच कथित तौर पर व्यक्तिगत संबंध थे। माना जा रहा है कि PoJK निवासी LoC पार कर महिला से मिलने Uri पहुंचा था।
हालांकि अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि अभी जांच जारी है और किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। मामले के सभी पहलुओं की बारीकी से जांच की जा रही है।
Uri LoC Detention के बाद पूछताछ जारी
फिलहाल दोनों Army की हिरासत में हैं और उनसे पूछताछ की जा रही है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि PoJK निवासी LoC तक कैसे पहुंचा और उसके आने के पीछे वास्तविक परिस्थितियां क्या थीं।
Uri सेक्टर में Exfiltration की कोशिश भी नाकाम
इसी बीच Indian Army के Chinar Warriors ने एक अलग कार्रवाई में Uri सेक्टर में कथित Exfiltration की कोशिश को नाकाम बनाया।
Army ने X पर जानकारी देते हुए कहा कि विशेष Intelligence Input के आधार पर Indian Army और Jammu Kashmir Police ने संयुक्त Search Operation चलाया था।
दो स्थानीय युवक भी पकड़े गए
अधिकारियों के अनुसार, LoC के Hathlanga–Nambla Axis क्षेत्र में दो स्थानीय युवकों को भी पकड़ा गया, जो कथित तौर पर Exfiltration की कोशिश कर रहे थे।
इनकी पहचान इशफाक शफी लोन और जाफर हफीज शेख के रूप में हुई है, जो Sopore के Hatlanga क्षेत्र के निवासी बताए जा रहे हैं।
Uri LoC Detention को लेकर जांच जारी
अधिकारियों का कहना है कि दोनों मामलों की जांच जारी है। सुरक्षा एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि इन घटनाओं के पीछे क्या उद्देश्य था और क्या इनका कोई सुरक्षा संबंधी पहलू भी है।
फिलहाल पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए Army, Police और अन्य एजेंसियां जांच में जुटी हुई हैं।





