J&K Forest Fire News: जंगलों में आग की घटनाएं घटीं, बड़ी राहत की खबर
Jammu Kashmir में 2025-26 के दौरान forest fire incidents में कमी दर्ज हुई। सरकार ने NGT को बताया कि पिछले साल के मुकाबले करीब 300 कम मामले सामने आए।
J&K Forest Fire News: बड़ी राहत देने वाला आंकड़ा
Jammu Kashmir से पर्यावरण को लेकर राहत भरी खबर सामने आई है। J&K Forest Fire News के अनुसार वित्त वर्ष 2025-26 में जंगलों में आग लगने की कुल 926 घटनाएं दर्ज हुईं, जो पिछले साल की तुलना में करीब 300 कम हैं।
सरकार ने यह जानकारी National Green Tribunal (NGT) को दी है।
पिछले साल कितने मामले थे?
वित्त वर्ष 2024-25 में जम्मू-कश्मीर में कुल 1,243 forest fire incidents दर्ज किए गए थे। उस दौरान करीब 3,503.70 hectares जंगल क्षेत्र प्रभावित हुआ था।
जबकि 2025-26 में यह घटकर 2,105.57 hectares रह गया है।
क्यों खास है यह कमी?
यह आंकड़े बताते हैं कि forest fire रोकने के लिए किए गए preventive measures का असर दिखने लगा है। आग की घटनाओं में कमी से पर्यावरण, wildlife और greenery को राहत मिली है।
सरकार ने क्या बताया?
J&K Forest Department ने NGT को जवाब में कहा कि प्रभावित क्षेत्र कुल recorded forest area का 1% से भी कम है। Union Territory में कुल forest area लगभग 20,19,400 hectares बताया गया है।
जंगलों में आग लगने की बड़ी वजह क्या है?
Department के मुताबिक:
95% मामले man-made हैं
यानी ज्यादातर आग इंसानी गतिविधियों के कारण लगती है।
कुछ accidental cases भी होते हैं
कुछ मामलों में लापरवाही या accidental कारण सामने आते हैं।
Weather भी जिम्मेदार
- बढ़ता तापमान
- लंबे dry spells
- बदलता climate pattern
इन वजहों से जंगल आग के लिए ज्यादा sensitive हो गए हैं।
Forest Fire रोकने के लिए क्या कदम उठाए गए?
1. National Action Plan लागू
J&K ने National Action Plan on Forest Fires (NAPFF) अपनाया है।
2. Risk Mapping हुई
J&K उन चुनिंदा राज्यों/UTs में शामिल है जहां forest fire risk zonation mapping की गई है।
3. 20 साल का Action Plan
2018-19 से 2037-38 तक के लिए करीब ₹154 करोड़ का long-term plan तैयार किया गया है।
4. Fire Lines बनाई गईं
कुल 1,133 किलोमीटर fire lines तैयार और maintain की गई हैं।
5. ज्वलनशील सामग्री हटाई गई
करीब 22,000 quintals dry biomass, pine needles, cones और अन्य जलने वाली सामग्री हटाई गई।
24×7 Monitoring का इंतजाम
Department ने बताया:
- 223 fire control rooms round the clock चल रहे हैं
- 1,500 Forest Protection Force personnel तैनात किए गए हैं
- Fire season में 24×7 duty लगाई गई है
Training और Awareness भी जारी
इस साल 60 से ज्यादा training और awareness programmes आयोजित किए गए, जिनमें local communities को भी शामिल किया गया।
अगले साल के लिए नया Budget
सरकार ने 2026-27 के लिए “Protection from Fire” component के तहत ₹485.04 lakh का प्रस्ताव भेजा है।
निष्कर्ष
J&K Forest Fire News के ताजा आंकड़े बताते हैं कि सही planning और monitoring से जंगलों में आग की घटनाएं कम की जा सकती हैं। आने वाले समय में funding और awareness बढ़ी तो और बेहतर नतीजे मिल सकते हैं।
For official environmental case updates, visit the National Green Tribunal website: https://greentribunal.gov.in/
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