Mehbooba Pakistan Dialogue: “बातचीत से ही Kashmir में आएगी शांति”
Mehbooba Mufti ने India-Pakistan talks को बताया जरूरी, RSS नेता के बयान का किया स्वागत
Mehbooba Mufti on Pakistan Dialogue: “बातचीत ही Kashmir में शांति का रास्ता”
Mehbooba Pakistan Dialogue पर PDP प्रमुख का बड़ा बयान
जम्मू-कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री और PDP अध्यक्ष Mehbooba Mufti ने बुधवार को RSS General Secretary दत्तात्रेय होसबाले के Pakistan के साथ बातचीत वाले बयान का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि Jammu and Kashmir में स्थायी शांति के लिए India-Pakistan dialogue बेहद जरूरी है।
श्रीनगर में मीडिया से बातचीत के दौरान Mehbooba Mufti ने कहा कि PDP हमेशा से यह मानती रही है कि बातचीत ही आगे बढ़ने का एकमात्र रास्ता है। उन्होंने कहा कि दुनिया के बड़े विवाद भी आखिरकार dialogue के जरिए ही सुलझाए जाते हैं।
“Dialogue के बिना कोई रास्ता नहीं”
Mehbooba ने Iran-America का उदाहरण दिया
Mehbooba ने कहा कि Iran और America जैसे देशों के बीच तनाव के बावजूद आखिरकार बातचीत का रास्ता अपनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इसी तरह भारत और पाकिस्तान को भी tensions कम करने के लिए dialogue जारी रखना चाहिए।
उन्होंने कहा कि RSS नेता के बयान से यह साफ है कि दोनों तरफ अब बातचीत की जरूरत महसूस की जा रही है। Mehbooba ने कहा कि अगर देश को united रहना है और आगे बढ़ना है तो dialogue जरूरी है।
Vajpayee और Manmohan Singh के दौर का किया जिक्र
“Neighbours नहीं बदले जा सकते”
PDP प्रमुख ने पूर्व प्रधानमंत्री Atal Bihari Vajpayee के उस बयान का जिक्र किया जिसमें उन्होंने कहा था कि “दोस्त बदले जा सकते हैं, लेकिन पड़ोसी नहीं।”
उन्होंने कहा कि Vajpayee और Manmohan Singh के समय India-Pakistan peace initiatives का Jammu and Kashmir पर सकारात्मक असर पड़ा था। उस दौरान militancy, arrests और आम लोगों की परेशानियों में कमी आई थी।
Jammu and Kashmir में “Oppression” का आरोप
PSA और UAPA के इस्तेमाल पर उठाए सवाल
Mehbooba Mufti ने आरोप लगाया कि Jammu and Kashmir में लोगों को anti-national activities के नाम पर परेशान किया जा रहा है। उन्होंने arrests, employees की dismissals, houses पर bulldozer action और institutions बंद करने जैसे मुद्दों का जिक्र किया।
उन्होंने दावा किया कि हजारों लोग Jammu and Kashmir के बाहर की जेलों में बंद हैं और social media posts पर भी FIR दर्ज की जा रही हैं। साथ ही PSA और UAPA जैसे कानूनों का लगातार इस्तेमाल हो रहा है।
Liquor Policy को लेकर NC पर साधा निशाना
Hydropower Projects का भी उठाया मुद्दा
National Conference द्वारा PDP सरकार पर ज्यादा liquor licences जारी करने के आरोपों पर Mehbooba ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि उस समय BJP भी सरकार का हिस्सा थी और PDP के पास prohibition policy लागू करने के लिए पर्याप्त संख्या नहीं थी।
उन्होंने यह भी कहा कि अगर Jammu and Kashmir के hydropower projects राज्य के पास रहते, तो revenue के लिए liquor sales पर निर्भर रहने की जरूरत नहीं पड़ती। Mehbooba ने आरोप लगाया कि पहले की governments के दौरान कई power projects NHPC को सौंप दिए गए थे।





